गाय बकरी के भेस में भेड़िये आ रहे है
जरा संभल के रहना दोस्तों चुनाव आ रहे है
अब इनमे जगेगा राष्ट्रवाद और देशभक्ति
फ़रिश्ते बोलकर शैतान आ रहे है
तुम्हें गिराने के लिए तुम्हारे ही पैर पकड़ेंगे वो
घर से बाहर मत निकलना भूखे शेर आ रहे है
जरा संभल के रहना दोस्तों चुनाव आ रहे है
कुछ पैसे देकर खरीदना चाहेंगे तुम्हें
उनके मुह न लगना वो देश बेचने आ रहे है
क्या फर्क पड़ता है उन्हे कौन अमीर है कौन गरीब
वो तो सिर्फ खुद की जेब भरने आ रहे है
जरा संभल के रहना दोस्तों चुनाव आ रहे है
अब बदलेंगे पार्टिया जैसे कपड़े बदलते है
खुद विवस्त्र हो कर दूसरों को नंगा करने आ रहे है
ये हिन्दू है वो मुस्लिम है यही बताएंगे तुम्हें
घर जलाकर तुमसे तुम्हारा कहते है तुम्हें बचाने आ रहे है
जरा संभल के रहना दोस्तों चुनाव आ रहे है
इसके बाद नहीं दिखाएंगे अपनी शक्ल पाँच साल तक तुम्हें
आखें खुली रखना तुम्हें उल्लू बनाने आ रहे है
रोक दो ये नौटंकी अब सूत्र तुम्हारे हाथ में है
गिरेबान अपना साफ रखो गंदे सुवर आ रहे है
गाय बकरी के भेस में भेड़िये आ रहे है
जरा संभल के रहना चुनाव आ रहे है